यूपी में शुरू हुआ सप्ताहिक लॉकडाउन, मास्क न पहनने पर दस हजार जुर्माना, बेवजह घर से निकले तो हो सकती है कार्रवाई

यूपी में बढ़ते कोरोना कहर के बीच अब सरकार ने सप्ताहिक लॉकडाउन लगा दिया है। इस लॉकडाउन के तहत हर शनिवार रात्रि आठ बजे से सोमवार की सुबह 7 बजे तक सबकुछ बंद किया गया है। इस संबंध में मुख्य सचिव शासन राजेन्द्र तिवारी की ओर से आदेश भी जारी किया है। इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ की ओर से भी दिशा निर्देश जारी किए गये थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए थे कि प्रदेश भर में 15 मई तक हर रविवार को साप्ताहिक लाकडाउन रहेगा। बता दें कि इस दौरान जरूरी सेवाओं पर चुनाव डृयूटी साथ ही मजदूरों के आने जाने पर रोक नहीं लगायी गयी है।

डिफेंस एक्सपो स्थल पर बनेगा अस्थायी अस्पताल

केजीएमयू और बलरामपुर अस्पताल को डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल के रूप में परिवर्तित किया जा रहा है। इन दोनों में कुल 4000 कोविड बेड बढ़ जाएंगे। इसी तरह डीआरडीओ द्वारा 1000 बेड का कोविड हॉस्पिटल डिफेंस एक्सपो आयोजन स्थल पर बनाया जा रहा है। इसके शुरू होने के साथ ही लखनऊ में 5000 अतिरिक्त कोविड बेड उपलब्ध हो जाएंगे। इमरजेंसी सेवाओं के लिए केजीएमयू का ट्रॉमा सेंटर चलता रहेगा

लॉकडाउन पीरियड में चलेगा स्वच्छता अभियान
अधिकारियों के मुताबिक लॉकडाउन पीरियड में सिर्फ स्वच्छता और सैनिटाइजेशन का काम होगा। आवश्यक सेवाएं, चिकित्सा सेवाएं सुचारू रहेंगी, जबकि सभी बाजार, हाट, व्यावसायिक प्रतिष्ठान, कार्यालय आदि बंद रहेंगे। कोरोना संक्रमण से प्रदेश के हालात की समीक्षा वीडियो कान्फ्रेंसिंग से करने के बाद शुक्रवार को मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी मंडलायुक्त और जिलाधिकारियों को निर्देशित किया।

मंडलायुक्तों की तय हुई जिम्मेदारी
सप्ताहिक लॉकडाउन के दौरान शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता और सैनिटाइजेशन का विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए मंडलायुक्त अपने-अपने मंडलों में नोडल अधिकारी होंगे। इस अवधि में आवश्यक सेवाओं, चिकित्सा सुविधा आदि के साथ पंचायत चुनाव के लिए पोलिंग पार्टियों की रवानगी का काम चलता रहेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय की विशेष परिस्थितियों को देखते हुए सरकारी अस्पतालों में इमरजेंसी सेवाओं और आवश्यक सेवाओं को छोड़कर जनरल ओपीडी स्थगित रहेगी। मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेले का आयोजन भी 15 मई, 2021 तक स्थगित रखने के निर्देश दिए।

मास्क न पहनने वाले पर दस हजार का जुर्माना

मास्क के अनिवार्य उपयोग के लिए सरकार सख्ती करने जा रही है। योगी ने निर्देश दिया है कि मास्क न लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। पहली बार मास्क के बिना पकड़े जाने पर 1000 रुपये और दूसरी बार बिना मास्क के पकड़े जाने पर 10000 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।

विधायक निधि से लिए जा सकते हैं एक-एक करोड़

कोविड प्रबंधन के लिए पिछले वर्ष विधायकों ने विधायक निधि से सहयोग किया था। योगी ने कहा है कि वर्तमान समय की विशेष परिस्थितियों को देखते हुए कोरोना प्रबंधन में कोविड केयर फंड की नियमावली के अनुरूप विधायकों की संस्तुति पर उनकी निधि से एक करोड़ रुपये का उपयोग किया जा सकता है।