छात्र-छात्राओं को भविष्य में रोजगार मिल सकें, इसके लिये सरकार ने उठाये अहम कदम-डा. दिनेश शर्मा

लखनऊ। प्रदेश के उप मुख्यमंत्री डा. दिनेश शर्मा ने शुक्रवार को आरबीएस इण्टर कॉलेज परिसर में आयोजित 65वीं प्रदेशीय माध्यमिक विद्यालयीय क्रिकेट प्रतियोगिता-2019 में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। यहां उन्होंने छात्र-छात्राओं की ओर से लगायी गई शैक्षिक नवाचार प्रदर्शनी का शुभारम्भ किया। उप मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी के अवलोकन के दौरान छात्र-छात्राओं से उनके उत्कृष्ट प्रोजेक्ट के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त करते हुए उनके सार्थक प्रयास की सराहना की और उन्हें जीवन की नई ऊंचाईयां हासिल करने की शुभकामना भी दी।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री ने कहा कि पठन-पाठन की प्रक्रिया के साथ शारीरिक स्वास्थ्य को अच्छे रखने की प्रवृत्ति की ओर बढऩा है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में नई संस्कृति विकसित हुई है कि अन्तर विद्यालयीय खेल-कूद प्रतियोगिता तथा विभिन्न प्रकार के निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया जा रहा है। माध्यमिक विद्यालयों में एनसीईआरटी के कोर्स को लागू किया गया है। आनलाईन अध्यापकों का स्थानान्तरण कर उनकी समस्याओं का निस्तारण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नकल विहीन परीक्षा हो और छात्र-छात्राओं को भविष्य में रोजगार मिल सकें, इसके लिये सरकार ने कड़े कदम उठायें हैं। नित्य-प्रतिदिन माध्यमिक शिक्षा के क्षेत्र में सुधार हो रहें हैं और इसकी मुख्य वजह यह है कि हमारे विद्यार्थी, अध्यापक व अधिकारी संयुक्त रूप से प्रयत्नशील हैं।
उप मुख्यमंत्री ने विद्यालयों से समय से पढ़ाई, समय से परीक्षा, मूल्यांकन एवं परिणाम का जो सपना सरकार ने देखा है, उसे साकार करने की अपेक्षा की। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड नई ऊंचाइयों को छुयें। अध्ययन व अध्यापन में आगे बढ़ायें। उन्होंने कहा कि आज से 03 वर्ष पहले ढाई महीने तक हाईस्कूल व इण्टर की परीक्षा होती थी, जो अब 14-15 दिन में समाप्त हो जाती है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी द्वारा जो छात्र-छात्रायें प्रदेश में अंक तालिका में प्रथम 10 स्थान हासिल करते हैं, उन्हें एक लाख एवं लैपटाप दिया जा रहा है। इसके साथ ही मेधावी छात्र जहॉ पर रहता है, वहां पर लोक निर्माण विभाग द्वारा स?क बनाई जायेगी। मेधावी छात्र के नाम से शीलापट्ट लगा होगा, जिससे उसके बारे में पूरा क्षेत्र जान सकें।
इस अवसर पर विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम को प्रस्तुत किया गया, जिसकी थी मैं रहूँ या न रहूं……….देश रहना चाहिए थी। सांस्कृतिक कार्यक्रम में भारतीय संस्कृति के विविध रूपों एवं भारतीय संस्कृति की सहिष्णुता को छात्र-छात्राओं ने अपने नृत्य के माध्यम से प्रस्तुत किया। मा0 उप मुख्यमंत्री ने छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

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