यूपी बोर्ड परीक्षा में कन्ट्रोल रूम से होगी पूरे प्रदेश की निगरानी, 18 से होंगी परीक्षाएं, आसान नहीं होगा कॉपियों को बदलना

लखनऊ। यूपी बोर्ड परीक्षा की निगरानी के लिए 60 कम्प्यूटरों का राज्य स्तरीय कन्ट्रोल रूम बनाया गया है। लखनऊ के पार्क रोड पर बने इस कन्ट्रोल रूम, से पूरे प्रदश्े के परीक्षा केन्द्रों की निगरानी की जायेगी। साथ ही केन्द्रों पर तैनात कक्षनिरीक्षक और कर्मचारियों की भी निगरानी होगी। उपमुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा ने शुक्रवार को इसका उद्घाटन किया। इस दौरान उप मुख्यमंत्री ने बताया कि 18 फरवरी से शुरू हो रही हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाओं में पूरी पारदर्शिता रखी जायेगी, किसी भी परीक्षा केन्द्र गड़बड़ी न होने पाये इसका विशेष ध्यान रखा जाये। इस बार शुरू होने वाली यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए 112 परीक्षा केन्द्र लखनऊ में तो वहीं पूरे प्रदेश में 7 हजार 784 परीक्षा केन्द्र बनाये गये हैं। इस बारे में जानकारी देते हुए उप मुख्यमंत्री ने बताया सभी परीक्षाएं 15 दिनों में समाप्त हो जायेंगी इसमें हाईस्कूल की परीक्षाएं 12 दिनों में समाप्त होंगी। उन्होंने कहा कि इससे पहले एक माह से अधिक का समय परीक्षाओं में लग जाता था।
6 मार्च को समाप्त होंगी परीक्षाएं
इस बार यूपी बोर्ड 6 मार्च को समाप्त हो जायेंगी। इसके बाद उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू होगी। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि मूल्यांकन प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता अपनायी जाये, इसके लिए सभी जिलों के जिला विद्यालय निरीक्षकों को दिशा निर्देश भी जारी किए गये हैं।
कक्षा नौ और 11 का डेटा ऑनलाइन
लखनऊ। इस मौके पर कक्षा नौ और 11 के छात्र-छात्राओं का डेटा भी ऑनलाइन कर दिया गया। जिसमें अग्रिम पंजीकरण कराने से व्यक्तिगत परीक्षार्थी के रूप में पंजीकरण कराने वाले छात्र-छात्राओं की संख्या वर्ष 2020 में मात्र 90,331 रह गयी, जबकि 2017 में यह संख्या 3,53,106 थी। इसके अन्तर्गत बाह्य प्रदेशों से 2017 में पंजीकरण कराने वाले 1,50,209 परीक्षार्थियों के स्थान पर वर्ष 2020 में बाह्य प्रदेशों के परीक्षार्थियों की संख्या मात्र 5946 रह गयी है।
नकलचियों की भी संख्या घटी
उप मुख्यमंत्री ने बताया कि नकल रोकने हेतु किये गये प्रयासों के कारण वर्ष 2018 में नकल के 3233 प्रकरण प्रकाश में आये जबकि वर्ष 2019 में मात्र 1182 प्रकरण ही सामने आये। इसी प्रकार वर्ष 2018 में 12.25 लाख किन्तु वर्ष 2019 में 6.69 लाख परीक्षार्थियों द्वारा परीक्षा छोड़ी गयी। वर्ष 2019 में स्क्रुटिनी के 2240 तथा मार्कशीट संशोधन के 1745 प्रकरण आये हैं।
इस साल घट गये परीक्षार्थी
नकल रोकने हेतु किये गये बहुआयामी प्रयासों के कारण गत् वर्ष की तुलना में इस वर्ष 2020 की हाईस्कूल की परीक्षा में 1,69,980 तथा इण्टरमीडिएट की परीक्षा में 18,658 कुल 1,88,638 परीक्षार्थियों की कमी हुयी है।
केन्द्रों की संख्या भी घटी
पूर्व में केन्द्र निर्धारण की प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव था, जिसके कारण भारी संख्या में केन्द्र बनाये जाते थे। वर्तमान सरकार द्वारा परीक्षा केन्द्रों का निर्धारण, उनकी धारण क्षमताओं का पूर्ण उपयोग करते हुए, साफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन कराया गया। 2017 से पहले 12 हजार से भी अधिक केन्द्र बनते थे किन्तु ऑनलाइन केन्द्र निर्धारण व्यवस्था से कम परीक्षा केन्द्र बने, जिससे उनका पर्यवेक्षण एवं निरीक्षण सुगम हुआ। वर्ष 2020 की परीक्षा में 7784 परीक्षा केन्द्र बने है।
60 कम्प्यूटरो से होगी निगरानी
2020 की बोर्ड परीक्षा को शुचितापूर्ण एवं नकलविहीन कराने के लिए राज्य स्तर व प्रत्येक जनपद पर कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर की स्थापना की गयी है। राज्य स्तरीय कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर में 60 कार्मिक एवं 60 कम्प्यूटर संस्थापित किये गये हैं, जिनसे प्रदेश के समस्त परीक्षा केन्द्रों एवं जनपद स्तरीय कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर की लाइव मॉनीटरिंग की जायेगी। इसके अतिरिक्त सेन्टर पर परीक्षार्थियों एवं जनसामान्य की शिकायतों का त्वरित निदान हेतु समर्पित ई-मेल आई-डी विकसित की गयी हैं तथा 02 हेल्प नम्बर (1800ए1806607- 0522.2239198) भी संस्थापित किये गये हैं।
ई-मेल आई-डी पर प्राप्त शिकायतों पर कार्यवाही के लिए कन्ट्रोल एवं मॉनीटरिंग सेन्टर में एक कम्प्यूटर संस्थापित किया गया है, जिस पर प्रातः
07ः00 बजे से सायं 07ः00 बजे की अवधि में प्रत्येक 02 घण्टे पर ई-मेल चेक की जायेगी तथा प्राप्त शिकायतों पर 24 घण्टे के अन्दर कार्यवाही करके सम्बन्धित को उत्तर प्रेषित किया जायेगा।इसी प्रकार जनपद स्तरीय कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर से जनपद के समस्त परीक्षा केन्द्रों की लाइव मॉनीटरिंग की जायेगी।
कड़ी निगरानी में खुलेंगे प्रश्नपत्र
नकल की सम्भावनाओं पर अंकुश लगाने के लिए प्रश्नपत्रों को खोलने की कार्यवाही सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में की जायेगी तथा संकलन केन्द्रों एवं स्ट्रांग रूम पर 24 घंण्टे निगरानी के लिए सशस्त्र बल एवं सीसीटीवी कैमरे की व्यवस्था की गयी है।
100 मीटर की पारिधि में लगेगी धारा 144
परीक्षा केन्द्रों के आस-पास 100 मीटर की परिधि में और आवश्यकता पडने पर उसके बाहर भी समाज विरोधी तत्वों अथवा वाह्य व्यक्तियों को एकत्र न होने देने हेतु जिला प्रशासन को दण्ड प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत धारा-144 लागू करने सहित अन्य सभी एहतियाती उपाय करने के निर्देश दिये गये हैं।
आसान नहीं होगा यूपी बोर्ड की कॉपियों का बदलना
वर्ष 2020 की बोर्ड परीक्षा में उत्तर पुस्तिकाओं के कवर पृष्ठ को बदलने अथवा उत्तर पुस्तिकाओं को बाहर से लिखी हुई अन्य उत्तर पुस्तिकाओं बदलने की सम्भावनाओं आदि पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सम्पूर्ण प्रदेश में क्रमांकित उत्तर पुस्तिकाओं की व्यवस्था की गयी है। इस वर्ष प्रथम बार 4 रंगों में उत्तर पुस्तिकाएं भी प्रयोग में लायी जायेगी। इसी प्रकार संवेदनशील जिलों में सिली हुयी उत्तर पुस्तिकाएं भी उपयोग की जायेगी।

  • फैक्ट फाइल

    यूपी बोर्ड परीक्षा वर्ष 2020

    -हाईस्कूल की छात्र संख्या 1660738

  • -हाईस्कूल की छात्राओं की संख्या 1361869

  • -हाईस्कूल में कुल परीक्षार्थी 3022607

  • -इण्टरमीडिएट छात्र संख्या 1463390

  • -इंटरमीडिएट में छात्राओं की संख्यसा 1121121

  • -कुल परीक्षार्थियों की संख्या 2584511

  • -संस्थागत परीक्षार्थियों की संख्या 5516787

  • -व्यगितगत परीक्षार्थियों की संख्या 90331

  • -कुल परीक्षार्थियों की संख्या 5607118