बीबीएयू के दीक्षांत में लखनऊ की तहजीब को लेकर राष्ट्रपति ने की ऐसी बात

लखनऊ। डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने लखनऊ की आबो हवा की जमकर तारीफ की। इस दौरान उन्होंने कहा कि लखनऊ में जो पहले आप पहले आप की तहजीब है उसे अगर पूरा देश सीख ले सारी समस्या अपने आप समाप्त जायेगी। इस दौरान उन्होंने दीक्षांत में उपस्थित सभी लोगों को बधाई देते हुए कहा कि लखनऊ में आप की तहजीब उसकी लखनऊ की विरासत है। उन्होंने कहा कि संविधान निर्माता बाबा साहेब का भी लखनऊ से काफी पुराना नाता रहा है। उन्होंने कहा कि यहां पर बाबा साहेब को दीक्षा प्रदान करने वाले भदंत प्रज्ञानंद ने अपना काफी समय बिताया है।
लखनऊ आकर मेैं बेहद खुश हुआ
राष्ट्रपति ने कहा कि डा. अंबेडकर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समरोह में मुख्य अतिथि के रूप में आने का जिस तरह से मौका मिला उससे मुझे आपार खुशी हुई है। उन्होंने कहा कि एक समय था जब 2००2-०3 में बीबीएयू के बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट का मेंबर भी रहा हूं।
बाबा साहेब और अटल बिहारी बाजपेयी को एक साथ याद करने का मिला मौका
राष्ट्रपति ने कहा कि विश्वविद्यालय में दो सभागार बने हैं जिसमें एक पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर बना है तो दूसरा डा. भीमराव अंबेडकर के नाम पर बना है। ऐसे में दोनो ही महान व्यक्तियों को एक साथ याद करने का मौका मिला ये मेरे लिए अधिक प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने जहां देश को एक नई दिशा दी वहीं पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने प्रधानमंत्री रहते देश में अपने व्यक्तित्व की छाप छोड़ी।
राष्ट्रपति ने कहा कि सुषमा और नीलू ने छू लिया मेरा मन
अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने बेटियों की कई बार तारीफ की। इस दौरान उन्होंने कहा कि बीबीएयू से ही महज 17 साल की उम्र में सुषमा वर्मा पीएचडी कर रही हैं जो एक अपने में बड़ी बात है। इसी तरह से नीलू शर्मा को टेलीविजन फॉर इनवायरमेंट की फिल्म फॉर चेंज फेलोशिप लंदन मिला है। इन दोनो बेटियों ने एक अलग छाप छोड़ी है जो कभी मन से कभी भुलायी नहीं जा सकती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

fourteen − seven =