पुलिस ने हैदराबाद में महिला डॉक्टर का रेप और मर्डर करने वाले चारो आरोपियों को एनकाउंटर में ढेर किया

न्यूज डेस्क। आज सुबह-सुबह बड़ी खबर आयी है, पुलिस ने बीते 27 नवंबर को तेलंगाना के हैदराबाद में महिला डॉक्टर के साथ हुए रेप और मर्डर करने वाले सभी 4 आरोपियों का एनकाउंटर मार गिराया है। शुक्रवार की सुबह हुए एनकाउंटर के बाद देश का पहला ऐसा केस हुआ है जिसमें इस तरह से मामला सामने आया है। प्रतिष्ठत न्यूज एंजेसी एएनआई के हवाले से आयी खबर के मुताबिक ये एनकाउंटर आज सुबह तड़के तीन बजे किया गया है जिसमें चारो आरोपियों की मौत हो चुकी है। वहीं पुलिस का दावा है कि ये सभी आरोपी भागने की कोशिश कर रहे थे और इस दौरान पुलिस की ओर से हुई फायरिंग में सभी आरोपी मारे गए हैं। बताया जा रहा है कि अदालत में चार्जशीट दाखिल करने के बाद इन चारों आरोपियों को घटनास्थल पर ले गई थी ताकि ‘सीन ऑफ क्राइम‘ (रिकंस्ट्रक्शन) की जांचने के लिए ले गई थी. लेकिन उनमें से एक आरोपी ने पुलिसकर्मी का हथियार छीन कर भागने की कोशिश करने लगा. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अगर यह आरोपी भाग जाते तो बड़ा हंगामा खड़ा हो जाता इसलिए पुलिस के पास दूसरा कोई रास्ता नहीं था और जवाबी फायरिंग में चारो आरोपी मारे गए. माना जा रहा है कि इस मामले की पूरी जानकारी पुलिस कमिश्नर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सकते हैं. गौरतलब है कि 28 नवंबर को इन चार आरोपियों की जिनकी उम्र 20 से 26 साल के बीच थी. महिला डॉक्टर को टोल बूथ पर स्कूटी पार्क करते देखा था. आरोप है कि इन लोगों ने जानबूझकर उसकी स्कूटी पंक्चर की थी. इसके बाद मदद करने के बहाने उसका एक सूनसान जगह पर लेकर गैंगरेप किया और बाद में पेट्रोल डालकर आग के हवाले कर दिया। जिसके बाद पीडि़ता की मौत हो गयी थी। पुलिस के मुताबिक घटना से पहले इन लोगों ने शराब भी पी रखी थी.
नेशनल हाईवे 44 के पास हुआ एनकाउंटर
यह एनकाउंटर नेशनल हाइवे-44 के पास गुरुवार देर रात हुआ. पुलिस आरोपियों को एनएच-44 पर क्राइम सीन रिक्रिएट कराने के लिए लेकर गई थी। बता दें कि 27-28 नवंबर की दरम्यानी रात को हैदराबाद में महिला डॉक्टर के साथ हैवानियत की वारदात को अंजाम दिया गया था. महिला डॉक्टर का जला शव बेंगलुरु हैदराबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर अंडरपास के करीब मिला था.
पुलिस हिरासत में थे आरोपी
पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था. पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया था, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. जिसके बाद हैदराबाद पुलिस ने हिरासत की मांग की तो आरोपियों को 7 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया था. पुलिस आरोपियों को सीन रिक्रिएट कराने के लिए लेकर गई थी. इस दौरान पुलिस मुठभेड़ में चारों आरोपी मारे गए.
देश भर में हैवानों को सजा देने की उठ रही थी मांग
बता दें इस घटना के बाद विपक्ष ने भी मोदी सरकार को चारो ओर से घेरने का प्रयास किया था। यहां सदन में जवाब भी सरकार को देना पड़ा था। वहीं दिल्ली में लोग सड़कों पर उतर आये थे, यहां तक दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष ने अनशन अभी भी जारी कर रखा है। वहीं महिला डॉक्टर के पिता ने कहा था कि दोषियों को जितना जल्दी संभव हो सजा देनी चाहिए. कई कानून बनाए गए लेकिन उनका पालन नहीं हो रहा है. उन्होंने निर्भया केस के दोषियों को अबतक फांसी नहीं दिए जाने का हवाला देते हुए मांग की है कि गुनहगारों को जल्द से जल्द सजा दी जाए।
सोशल मीडिया पर उठी जबरदस्त मांग
इस केस बाद देश में लोगों के अंदर एक गुस्सा देखने को मिला। लोग अलग-अलग तरह से आरोपियो कांे सजा देने की मांग कर रहे थे, जो कनून के दायरे से बाहर था। फेसबुक, ट्वीटर से लेकर इंस्टाग्राम तक पीडि़ता के लिए लोग आवाज उठाते रहे। यहां तक पूर्व में दिल्ली में हुई चलती बस हुई निर्भया के साथ घटना को भी याद करके तमाम सारे उदाहरण सरकार के सामने पेश करने के प्रयास किए गये। निर्भया की मां ने भी इस मामले में आवाज उठायी।

Posted BY- Ravi Gupta

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

ten + 8 =