यूपी निकाय चुनाव में भाजपा की जबदस्त जीत के साथ आप ने भी खोला खाता

लखनऊ। यूपी निकाय चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को जहां भारी जीत मिली हैं वहीं कुछ सीटों पर जीत हासिल कर आम आदमी पार्टी ने भी यूपी में अपना खाता खोल दिया है। प्रदेश में कुल 16 नगर निगमों में दो सीटे बसपा के खाते में गयी बाकी 14 सीटों पर भाजपा ने जीत हासिल की है। बसपा को नगर निगम अलीगढ़ व मेरठ में जीत मिली है। वहीं आम आदमी पार्टी ने अलग-अलग जिलों में पार्षद व चेयरमैन दोनो मिलाकर दस सीटों पर जीत हासिल की है।
यूपी के शहरों पर भाजपा ने जमाया कब्जा
प्रदेश के 14 नगर निगमों वाले शहर में भाजपा मेयर पद पर जीत हासिल की है। इसके अलावा नगर पालिका परिषदों में भी भाजपा को बड़े स्तर पर जीत हासिल हुई है। जबकि नगर पंचायतों में निर्दलीयों ने अपनी जीत का परचम लहराया है। नगर पंचायत चुनाव को लेकर जानकारों का कहना है कि प्रत्योशियो की अपनी-अपनी क्ष्ोत्रिय पकड़ पर भी निर्भर करता है।
पहली बार नगर निगम बने इन दो जिलों में भाजपा को मिली जीत
यूपी के अयोध्या और मथुरा वृंदावन दो ऐसे जिले थ्ो जिन्हें पहली बार नगर निगम में शामिल किया गया था। यहां पर दोनो ही नगर निगमों में भाजपा के मेयर प्रत्याशियों ने अपनी जीत का परचम लहराया है। मथुरा वृंदावन से डॉ मुकेश आर्य भापजा के मेयर बने हैं। जबकि अयोध्या से ऋषिकेश उपाध्याय भाजपा के मेयर बने हैं।
इन दो जिलों में लगा भाजपा को झटका
प्रदेश के दो जिलों में मेरठ और अलीगढ़ में भाजपा को झटका लगा है। यहां कि नगर निगमों में पहले भाजपा के मेयर थ्ो। लेकिन इस बार दोनो ही सीट गंवानी पड़ी। यहां पर बसपा ने अपनी जीत दर्ज करते हुए दोनो जिीलों के मेयर बसपा पार्टी से ही बने हैं।
सपा और कांग्रेस को नहीं मिला नगर निगम में मौका
प्रदेश की किसी भी नगर निगम में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी का खाता नहीं खुल सका। प्रदेश में 652 नगरीय निकायों के चुनावों में पहली बार सभी दलों ने अपने सिबल पर चुनाव लड़ा। इस बार 16 नगर निगमों, 198 नगर पालिका परिषदों 438 नगर पंचायतों में चुनाव हुए। भाजपा ने 16 में 14 नगर निगमों में जीत हासिल की। नगर पालिका परिषद के घोषित अध्यक्ष पद के 134 परिणामों में भाजपा ने 53, सपा ने 33, बसपा ने 19, कांग्रेस ने 5 और निर्दलीयों ने 29 स्थानों पर जीत हासिल की है। 438 नगर पंचायत अध्यक्षों में अब तक 37० के परिणाम घोषित हुए हैं। सर्वाधिक 154 निर्दलीय अध्यक्ष चुने गए हैं। भाजपा के 86, सपा के 73, बसपा के 38 और कांग्रेस के 15 अध्यक्ष चुने गए हैं। रालोद, आप और राजद के दो-दो तथा एआईएमआएम का 1 अध्यक्ष चुना गया है।
प्रदेश की नगर निगमों का ये है परिणाम
1.लखनऊ-संयुक्ता भाटिया (बीजेपी)
2. मथुरा-वृंदावन: डॉ मुकेश आर्य (बीजेपी)
3. फिरोजाबाद-नूतन राठौर (बीजेपी)
4. गाजियाबाद-आशा शर्मा (बीजेपी)
5. सहारनपुर-संजीव वालिया (बीजेपी)
6. मेरठ-सुनीता वर्मा (बीएसपी)
7. बरेली-उमेश गौतम (बीजेपी)
8. मुरादाबाद-विनोद अग्रवाल (बीजेपी)
9. अलीगढ़-फुरकान (बीएसपी)
1०. अयोध्या-ऋषिकेश उपाध्याय (बीजेपी)
11. आगरा- दिगंबर सिह धाकड़े (बीजेपी)
12. कानपुर नगर- प्रमिला पांडेय (बीजेपी)
13. झांसी-बृजेंद्र कुमार व्यास (बीजेपी)
14. वाराणसी-मृदुला जयसवाल (बीजेपी)
15. इलाहाबाद- अभिलाषा गुप्ता नंदी (बीजेपी)
16. गोरखपुर-सीताराम जायसवाल (बीजेपी)

राम नगरी को पर्यटन का केन्द्र बनाने में अब और होगी आसानी

लखनऊ। पहली बार नगर निगम में शामिल हुई अयोध्या का पहला मेयर भी बीजेपी से चुना गया है। ऐसे में अब माना जा रहा है कि अयोध्या राम नगरी को विश्व स्तर पर पर्यटन केन्द्र बनाने में काफी मदद मिलेगी। यहां पर मेयर के पद पर जीत हासिल करने वाले भाजपा प्रत्याशी ऋषिकेश उपाध्याय है। जीत के बाद खुशी जाहिर करते हुए मेयर ऋषिकेश उपाध्याय ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि अयोध्या को एक आकर्षक पर्यटन केन्द्ग बनाने में हमारा पूरा योगदान रहेगा। उन्होने कहा कि अयोध्या में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार तेजी से किया जायेगा ताकि यहां आने वाले पर्यटको को किसी भी प्रकार की दिक्कत न होने पाये। उन्होंने कहा कि हमारे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 137 करोड़ के बजट वाली योजनाओं का शिलान्यास पहले ही कर चुके हैं ऐसे में अब इन योजनाओं को भी तेजी से रफ्तार मिलेगी।

भाजपा को सीएम योगी के वार्ड से मिली हार

भाजपा ने प्रदेश में बड़े स्तर पर भले ही जीत हासिल की है लेकिन गोरखपुर में स्थित मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के वार्ड से हार का मुंह देखना पड़ा है। यहां के पुराना गोरखपुर वार्ड संख्या 68 से भाजपा को हार मिली है। यहां से एक निर्दलीय प्रत्याशी नादरा खातून को जीत मिली है। नादिरा खातूत 462 वोंटो से जीत हैं। नादिरा को कुल 1783 वोट मिले हैं। जबकि भाजपा प्रत्याशी माया त्रिपाठी यहां से हार गयी हैं। उन्हें सिर्फ 1321 वोट ही हासिल हो सकें। हालांकि इस बारे में भी कुछ दल के नेता एक राजनीति का स्टंट बताकर भाजपा पर आरोप लगाने में पीछे नहीं हट रहे हैं। लोगों की माने तो निर्दल प्रत्याशी भले ही जीती हैं लेकिन काम सब भाजपा का ही होगा।
इसी वार्ड में सीएम योगी ने भी डाला था वोट
इसी वार्ड के कन्या प्राथमिक विद्यालय में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अपना वोट डाला था। लेकिन इसी वार्ड से लगातार पहले भाजपा को जीत मिलती रही है। लेकिन इस बार ऐसा क्या हुआ कि भाजपा को हार का सामना करना पड़ा। निर्दल प्रत्याशी जीतने के बाद पूरे यूपी में भी इस बात पर चर्चा शुरू हो चुकी है कि आखिर सीएम के वार्ड से भाजपा कैसे हार गयीद्ध
गोरखपुर के इन वार्डों में भी मिली भाजपा को हार
जिन वार्डों से पहले भाजपा को जीत मिलती रही है। इस बार गोरखपुर के अन्य वार्ड के भाजपा प्रत्याशी भी हार की सूची में शामिल हुए हैं। इनमें सूरजकुंड, अंधियारीबाग, चकसा हुसैन, हुमायूंपुर उत्तरी और रसूलपुर वार्ड शामिल हैं। में भी दूसरे दलों के प्रत्याशियों ने जीत हासिल की।

चेयरमैन और पार्षद की दस सीटों पर आम आदमी पार्टी को मिली जीत

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पहली बार आम आदमी पार्टी ने भी अपनी उपिस्थति दर्ज करवा दी है। आम आदमी पार्टी के दस प्रत्याशियों ने अलग-अलग जिलों सेे चेयरमैन और पार्षद पद पर जीत हासिल की है। इनमें बिजनौर सहस पुर से चेयरमैन प्रत्याशी हुमा खान ने जीत हासिल की है। हुमा खान ने जीत के बाद जनता को धन्यवाद भी दिया है।
इन जिलों से आम आदमी ने दी दस्तक
– गोंडा जिले से वार्ड संख्या 23 मेवातियान से रुखसाना बेगम की जीत मिली है।
– बस्ती वनकटी वार्ड न.1 से आम आदमी पार्टी की सभासद सुनीता विजयी हुई हैं।
– कछला में वार्ड नं. 7 से शीला की जीत मिली है।
– कानपुर बिलहौर से सभासद प्रत्याशी मो जकील अख़्तर 65% वोट से विजयी हुए हैं।
– बिजनौर सहसपुर नगर चेयरमैन प्रत्याशी हुमा खान
– झांसी नगर वार्ड नंबर 42 सागर गेट से आशीष को जीत मिली है।
– बुलंदशहर के वार्ड नंबर एक से कमलेश की बड़ी जीत।
– प्रतापगढ़, वॉर्ड नम्बर 6, बाज़ार ख़ास पश्चिमी, सभासद प्रत्याशी आशा अग्रवाल विजयी।
– खेकड़ा नगर पालिका बागपत में ‘आप’ के सुधीर धामा जीते।
– हापुड़ नगर पालिका के वार्ड-38 आवास विकास प्रत्याशी मोहम्मद अतहर ने जीत हासिल की है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

sixteen − eleven =