डॉ एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में होंगे नान टीचिंग कोर्स, विद्या परिषद की बैठक में लिए अहम निर्णय

लखनऊ। डॉ एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में मंगलवार को कुलपति प्रोफेसर विनीत कंसल की अध्यक्षता में विद्या परिषद की 65 वीं बैठक आयोजित की गयी। इस दौरान विश्वविद्यालय के सेंटर फॉर एडवांस स्टडीज में नॉन टीचिंग क्रेडिट कोर्स शुरू किये जाने को मंजूरी दी गयी। यह कोर्स संस्थान में संचालित एमटेक पाठ्यक्रमों में क्रेडिट कोर्स के रूप में संचालित किया जाएगा। इस कोर्स का नाम इंडिपेंडेंट स्टडी एंड रिसर्च है। कोर्स के अंतर्गत विद्यार्थी को प्रत्येक सेमेस्टर में एक रिसर्च प्रॉब्लम दी जाएगी, जिसका उसे समाधान देना होगा। विवि में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के आवाहन में बीटेक में माइनर डिग्री प्रदान करने के प्रस्ताव पर अनुमोदन प्रदान किया गया। इसके अंतर्गत आर्त्फिशियल इंटेलिजेंस एंड मशीन लर्निंग, ब्लाक चैन, साइबर सिक्योरिटी, डाटा साइंस एवं इन्टरनेट ऑफ़ थिंग्स में इंजीनियरिंग एवं टेक्नोलॉजी में स्पेशलाइजेशन में माइनर डिग्री प्रदान किया जाना प्रस्तावित किया गया है। इसके साथ ही एकेटीयू परिसर के एनर्जी ऑडिट में कुल खपत की 83 प्रतिशत की क्षमता के सौर ऊर्जा प्लांट की स्थापना के दृष्टिगत सुपर बिल्डिंग की श्रेणी प्राप्त हुई है।

दिवंगत छात्र के नाम किया स्वर्ण पदक
सेंटर फॉर एडवांस स्टडीज में एमटेक नैनो टेक्नोलॉजी में प्रदान किये जाने वाले स्वर्ण पदक का नाम संस्थान के दिवंगत संकाय सदस्य डॉ पीयूष जायसवाल के नाम पर किये जाने पर सर्वसम्मति से अनुमोदन प्रदान किया गया। साथ ही विवि में संचालित एमबीए पाठ्यक्रम में अध्ययनरत विद्यार्थियों को प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग से जोड़ने के लिए ओपन सोर्स समर इंटर्नशिप करवाए जाने का निर्णय लिया गया।

दीक्षांत 70 छात्रों को पीएचडी की उपाधि
विवि के 19 वें दीक्षांत समारोह में मौखिक परीक्षा उत्तीर्ण 70 विद्यार्थियों को पीएचडी की उपाधि प्रदान किये जाने पर अनुमोदन प्रदान किया गया। 11 दिसंबर, तक मौखिक परीक्षा उत्तीर्ण होने वाले विद्यार्थियों को उपाधि देने का भी 19 वें दीक्षांत समारोह में डिग्री प्रदान करने की स्वीकृति प्रदान की गयी।

सौरभ गुप्ता को डीएससी की उपाधि
बैठक में निर्णय लिया गया कि दीक्षांत समारोह में डॉ सौरभ गुप्ता की डीएससी की उपाधि प्रदान की जायेगी। डॉ सौरभ गुप्ता शासकीय सेवा में हैं। उनकी आरे से डीएससी शोध प्रबंध का कार्य प्रो विनय पाठक, कुलपति, सीएसजेएम विवि, कानपुर एवंप्रो मनीष गौड़ , आचार्य आईईटी, लखनऊ के निर्देशन में पूर्ण किया गया है। इसके साथ ही परिषद द्वारा विवि की आईक्यूएसी के निदेशक के तौर प्रो प्रो मनीष गौड़ को नामित किया गया।

बैठक में आईआईटी, रुड़की के आचार्य प्रो हिमांशु जोशी, विवि के कुलसचिव नन्द लाल सिंह, वित्त अधिकारी जीपी सिंह, परीक्षा नियंत्रक प्रो अनुराग त्रिपाठी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे| बैठक विधिवत सम्पन्न हो गयी|

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